देसली में आयोजित हुआ सांस्कृतिक कार्यक्रम, आदिवासियों को दी पेशा अधिनियम की जानकारी
जीरूढाना, मोहदा, बाशिंदा, चिल्लोर, बालू बेहड़ा के ग्रामीणों को यात्रा के बताए उद्देश्य
बैतूल। आदिवासी समाज के संवैधानिक हक और अधिकारों को लेकर जयस के बैनर तले जिले में संघर्ष यात्रा निकाली जा रही है। जयस जिला अध्यक्ष संदीप कुमार धुर्वे के नेतृत्व में संघर्ष यात्रा 14वें दिन मंगलवार को पिपरिया से प्रारंभ हुई। जयस के रामदीन इवने ने पिपरिया से शुरू हुई यात्रा झिरूढाना, मोहदा, बाशिंदा, चिल्लोर, बालू बेहड़ा होते हुए ग्राम देसली पहुंची। यात्रा का जगह-जगह ग्रामीणों ने भव्य स्वागत किया। इस दौरान जयस के पदाधिकारी और कार्यकर्ताओं ने ग्रामीणों को संघर्ष यात्रा की जानकारी दी। संघर्ष यात्रा ग्राम के मोहल्लों से होते हुए कार्यक्रम स्थल पर पहुंची। देसली में भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान जिपं सदस्य संदीप धुर्वे ने आदिवासियों को पेशा अधिनियम की जानकारी दी। इसके अलावा अन्य मुद्दों पर विस्तृत चर्चा करते हुए युवाओं को नशे से दूर रहने प्रेरित किया। इस दौरान सांस्कृतिक कार्यक्रम का भी आयोजन किया गया, जिसमें बच्चों ने आदिवासी पारंपरिक वेशभूषा में मनमोहक प्रस्तुति दी। कार्यक्रम में बच्चों को पुरस्कार भी वितरित किए गए। उल्लेखनीय है कि देश में फैल रही नफ़रत, आदिवासियों के हक अधिकार, महंगाई, बेरोजगारी और लोकतंत्र को बचाने एवं संविधान के रक्षा के लिए जयस द्वारा यह संघर्ष यात्रा निकाली जा रही है। इस संघर्ष यात्रा को ग्राम वासियों का भरपूर समर्थन भी मिल रहा है।