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जिला जन संपर्क अधिकारी ने जारी की सरकारी खबरें

By,वामन पोटे

कलेक्टर श्री सूर्यवंशी ने जिले में रेत खनन पर लगाया प्रतिबंध

30 जून से 1 अक्टूबर तक रहेगा प्रतिबंध

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बैतूल 27 जून 2025
कलेक्टर श्री नरेन्द्र कुमार सूर्यवंशी ने वर्षा ऋतु के चलते जिले में 30 जून की मध्य रात्रि से रेत खनन पर प्रतिबंध लगाया है। जारी आदेश के अनुसार बैतूल जिले में मानसून की सक्रियता को दृष्टिगत रखते हुए समस्त रेत खदानों, नदियों एवं नालों से रेत उत्खनन पर 30 जून की मध्यरात्रि से आगामी 1 अक्टूबर 2025 तक प्रतिबंध लगाया गया है। इस संबंध में कलेक्टर श्री सूर्यवंशी ने सभी एसडीएम, तहसीलदार को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए हैं।

वन ग्रामों की बाहरी सीमाओं का निर्धारणनक्शा और स्थल सत्यापन 30 जून तक पूर्ण कराएं

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कार्यवाही पूर्ण ने होने पर संबंधित एसडीएम, एसडीओ एसडीओ फारेस्ट सहित संबंधित कर्मचारियों के वेतन आहरण पर रहेगी रोक

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आरामीलो को वुडन क्लस्टर में भूमि आवंटन किया जाएं

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वन भूमि पर हुए अतिक्रमण पर कार्रवाई कर हटाए

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अवैध उत्खनन और परिवहन के खिलाफ सख्त कार्यवाही की जाएं

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बैतूल 27 जून 2025
कलेक्टर श्री नरेन्द्र कुमार सूर्यवंशी की अध्यक्षता में गुरुवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में जिला टास्क फोर्स समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में पुलिस अधीक्षक श्री निश्चल झारिया, वन मंडल अधिकारी श्री नवीन गर्ग, वन मंडल अधिकारी श्री टी आर विजय सहित सभी अनुविभागीय अधिकारी फॉरेस्ट उपस्थित रहें। सभी एसडीएम वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए बैठक में शामिल हुए।
कलेक्टर श्री सूर्यवंशी ने उद्योग विभाग की समीक्षा कर निर्देशित किया कि कड़ाई में बने वुडन क्लस्टर में आरामिलो को शिफ्ट किया जाएं। कार्यशाला आयोजित कर आरामिल संचालकों को वुडन क्लस्टर के लाभ के संबंध में जानकारी दी जाए और उन्होंने भूमि आवंटित कराएं। कलेक्टर श्री सूर्यवंशी ने निर्देशित किया कि एसडीएम,एसडीओ फॉरेस्ट, पटवारी, डिप्टी रेंजर और संबंधित पटवारी द्वारा वन ग्रामों की बाहरी सीमाओं का निर्धारण, नक्शा तैयार करना और स्थल सत्यापन की कार्यवाही अनिवार्य रूप से 30 जून तक पूर्ण कराएं। कार्य समय सीमा में नहीं होने पर सम्बन्धित एसडीएम,एसडीओ फॉरेस्ट, पटवारी, डिप्टी रेंजर और पटवारी का वेतन आहरित नहीं किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि वन और राजस्व का आमला वन व्यवस्थापन के प्रकरणों का पूरी गंभीरता और प्राथमिकता से निराकरण कराएं। एसडीएम और एसडीओ फॉरेस्ट कार्यालय समय के पश्चात 2 घंटे बैठे और प्रकरणों का टेबल टॉप निराकरण कराएं। आगामी 7 दिनों में सभी व्यवस्थापन के समस्त प्रकरणों का निराकरण किया जाए। वन भूमि पर अतिक्रमण की समीक्षा का कलेक्टर ने सारणी, शोभापुर, तथा भैंसदेही और चिचोली के चिन्हित ग्रामों में हुए अतिक्रमण को त्वरित रूप से हटाने के निर्देश संबंधित एसडीएम को दिए। खनिज विभाग की समीक्षा कर कलेक्टर ने अवैध उत्खनन एवं परिवहन के खिलाफ सख्त कार्यवाही करने के निर्देश खनिज विभाग और संबंधित राजस्व अधिकारियों को दिए। बैठक में कलेक्टर श्री सूर्यवंशी ने जल गंगा संवर्धन अभियान और एक पेड़ मां के नाम अभियान की प्रगति की भी समीक्षा कर आवश्यक दिशा निर्देश दिए।

प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बीरूल बाजार के इंटीग्रेटेड हेल्थ केम्प में 56 हितग्राही हुए लाभान्वित

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बैतूल 27 जून 2025
मध्यप्रदेश राज्य एड्स नियंत्रण समिति भोपाल के दिशा निर्देशानुसार जिला नोडल अधिकारी डॉ.आनंद मालवीय के मार्गदर्शन एवं काउंसलर सह डाटा मैनेजर दिनेश भावरकर के कोऑर्डिनेशन मे प्रभात पट्टन विकासखंड के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बीरूल बाजार में इंटीग्रेटेड हेल्थ केम्प आयोजित किया गया। प्रभारी मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ जगदीश घोरे ने बताया कि हेल्थ केम्प में ब्लड शुगर, बीपी, एचआईवी, सिफिलिस, टीबी एवं हेपेटाइटिस बी की स्क्रीनिंग एवं चिकित्सक द्वारा प्राथमिक उपचार किया गया। उपस्थित जनसमुदाय को एचआईव्ही एवं एड्स, एसटीआई, हेपेटाइटिस एवं स्वास्थ्य संबंधी जानकारी प्रदान की गई। पोस्टर और लीफलेट के माध्यम से आमजन को जागरूक किया गया और आईईसी के माध्यम से स्वास्थ्य संबंधी जानकारी प्रदान की गई। उच्च जोखिम अवस्था वाले हितग्राहियों को जिला चिकित्सालय बैतूल रेफर किया गया, ताकि उन्हें आगे की जांच और उपचार के लिए आवश्यक सुविधाएं मिल सकें। हेल्थ केम्प में 56 हितग्राही जिसमें पुरुष 23, महिला 23,एएनसी 10 लाभान्वित हुए।
शिविर में मुख्य खंड चिकित्सा अधिकारी डॉ जितेंद्र आत्रे, खंड विस्तार प्रशिक्षक श्री सुखनंदन बामने, काउंसलर विजय भादे, एसटीएस श्री रमेश मंड्रे, श्री दीपक पवार, सीएचओ श्रीमती प्रियंका महेंद्र, लैब टेक्नीशियन नितिन बारकड़े, श्रीमति कविता ख़परिये, फार्मासिस्ट श्री बुधराव बारस्कर, एमपीडब्ल्यू श्री दीपक गायकवाड, लक्ष्यगत हस्तक्षेप परियोजना बैतूल से कार्यक्रम प्रबंधक श्री निर्देश मदरेले, श्रीमती प्रीति बाला पवार, श्रीमती भाग्यश्री, श्री अभिषेक सोनी, श्रीमती छाया प्रजापति,आशा सहयोगी श्रीमती सुमन चापेकर एवं अन्य स्वास्थ्य कार्यकर्ता, आशा कार्यकर्ता एवं जनसमुदाय मौजूद रहा।

ई-एचआरएमएस प्रशिक्षण तीन बैचों में संपन्न49 अधिकारियों-कर्मचारियों ने लिया भाग

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बैतूल 27 जून 2025
शासन द्वारा निर्देशित ई-एचआरएमएस (eHRMS) प्रशिक्षण कार्यक्रम गृह विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए जून माह में ई-दक्ष केंद्र बैतूल में सफलतापूर्वक संपन्न कराया गया। प्रशिक्षण तीन चरणों में आयोजित किया गया, जिसमें गृह विभाग के कुल 49 अधिकारी एवं कर्मचारी शामिल हुए। प्रशिक्षण की तिथियां इस प्रकार रहीं । प्रथम बैच 19 जून,द्वितीय बैच 24 जून ,वोतृतीय बैच : 26 जून 2025 को आयोजित किया गया। सभी प्रशिक्षण सत्रों का संचालन ई-दक्ष केंद्र बैतूल के मास्टर ट्रेनर श्री दिनेश पवार द्वारा किया गया। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम अधिकारियों एवं कर्मचारियों को ई-एचआरएमएस प्रणाली की कार्यप्रणाली, उपयोग की प्रक्रिया तथा ऑनलाइन मानव संसाधन प्रबंधन से संबंधित विभिन्न पहलुओं की जानकारी देने के उद्देश्य से आयोजित किया गया।

जिले के चिन्हित गांवों में 30 जून तक लगेंगे शिविर

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जनजातीय वर्ग के प्रत्येक पात्र व्यक्ति को मिलेगा योजनाओं का लाभ

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बैतूल 27 जून 2025
जनजातीय आबादी के लिए समान अवसरों का सृजन, सामाजिक-आर्थिक स्तर का विकास, बुनियादी ढांचे के सुधार और स्वास्थ्य, शिक्षा एवं आजीविका के क्षेत्र में ठोस प्रगति के लिए चलाए जा रहे धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान के तहत बैतूल जिले के 10 विकासखण्डों के चिह्नित 554 गांवों में 15 जून से 30 जून तक शिविरों का आयोजन किया जा रहा है। कलेक्टर श्री नरेन्द्र कुमार सूर्यवंशी द्वारा अभियान के तहत शिविर स्थल पर सेल्फी पाइंट, होर्डिंग पोस्टर एवं दीवारों पर चित्रकारी के माध्यम से योजनाओं का प्रचार-प्रसार किया जाकर शिविरों के प्रभावी और सफल क्रियान्वयन के लिए अधिकारियों को विस्तृत दिशा-निर्देश दिए गए है।
जनजातीय कार्य विभाग सहायक आयुक्त ने बताया कि धरती आबा के तहत चिन्हित गांवों में विकासखण्ड भीमपुर के 109, भैंसदेही के 71, आठनेर के 51. बैतूल के 62, चिचोली के 42, घोड़ाडोंगरी के 86, शाहपुर के 66, मुलताई के 09,प्रभात पट्टन के 26 तथा विकासखण्ड आमला के 32 गांव शामिल है। इन गांवों में हितग्राहियों को केन्द्र सरकार के ग्रामीण विकास, जल शक्ति, विद्युत, स्वास्थ्य और परिवार, महिला एवं बाल विकास, शिक्षा, कौशल विकास, कृषि, दूरसंचार और जनजातीय कार्य विभाग सहित अन्य 17 विभागों की 25 योजनाओं से लाभान्वित किया जाकर जनजातीय समुदायों का शत-प्रतिशत संतृप्त किया जा रहा है।

अब तक 467 गांवों मे शिविरों का हुआ आयोजन

       इस अभियान के तहत 15 जून से आज पर्यन्त जिले के 10 विकास खंडों में अब तक 467 गांवों में शिविरों का आयोजन किया जा चुका है। इन शिविर में अनुमानित 66 हजार 543 हितग्राही सम्मिलित हुए, जिनमें से पात्र जनजातीय वर्ग के हितग्राहियों को शासन की विभिन्न योजना जैसे आधार कार्ड 1897, तपेदिक के लिए सक्रिय मामलों का पता लगाना 431, आयुष्मान भारत कार्ड 1367, जाति प्रमाण पत्र 352, किसान क्रेडिट कार्ड 144, प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना 173, प्रधानमंत्री जनधन योजना 50, प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना 108, किसान सम्मान निधि योजना 395, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना 192, प्रधानमंत्री उज्जवला योजना 188, प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना 176, राशन कार्ड 457, सिकल सेल परीक्षण 4532, स्थायी निवास प्रमाण पत्र 52, मनरेगा 400 एवं मिशन इन्द्रधनुष 67, मुद्रा योजना 07, सुकन्या समृद्धि योजना 25, पेंशन योजना 466 हितग्राहियों को विभिन्न योजनाओं में लाभान्वित किया गया है।

समन्वित प्रयासों से स्वास्थ्य संबंधी योजनाओं का प्रभावी और सफल क्रियान्वयन किया जाए : कलेक्टर श्री सूर्यवंशी

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शिशु मृत्यु दर और मातृ मृत्यु दर में कमी लाने के विशेष कार्ययोजना बनाएं

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लापरवाही पर सख्त कार्यवाही की जाएगी

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कलेक्टर श्री सूर्यवंशी ने की स्वास्थ्य और महिला एवं बाल विकास विभाग की समीक्षा

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बैतूल 27 जून 2025
कलेक्टर बैतूल श्री नरेन्द्र कुमार सूर्यवंशी ने शुक्रवार को जिला पंचायत सभाकक्ष में स्वास्थ्य और महिला एवं बाल विकास विभाग अंतर्गत संचालित विभिन्न स्वास्थ्य योजनाओं की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने जिले में ब्लॉकवार शिशु मृत्यु दर और मातृ मृत्यु दर की जानकारी ली और इनमें कमी लाने के लिए विशेष प्रयास करने के निर्देश स्वास्थ्य और महिला एवं बाल विकास विभाग के मैदानी अधिकारियों को दिए। उन्होंने कहा कि गर्भवती माताओं का आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के माध्यम से निरंतर फॉलोअप किया जाए। चिन्हित हाई रिस्क महिलाओं का सुरक्षित प्रसव किया जाना सुनिश्चित कराएं। जन सामान्य का विश्वास अर्जित कर स्वास्थ्य योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन किया जाएं। लापरवाही करने वाले अधिकारी कर्मचारी के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी।
कलेक्टर श्री सूर्यवंशी ने कहा कि एकीकृत प्रयासों से शासन द्वारा संचालित समस्त स्वास्थ्य योजनाओं का प्रभावी और सफलतापूर्वक क्रियान्वन किया जाएं। सभी बीएमओ और सीडीपीओ अपने क्षेत्र में मातृ मृत्यु दर और शिशु मृत्यु दर में कमी लाने के लिए विशेष कार्य योजना बनाएं और उसका प्रभावी क्रियान्वयन कराएं। बीएमओ द्वारा बीपीएम, सीएचओ और एएनएम की हर तीन दिन के अंतराल में मॉनिटरिंग की जाए और अपेक्षित परिणामों को हासिल करें।
कलेक्टर श्री सूर्यवंशी ने निर्देशित किया कि मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी द्वारा भी हर 3 दिन में ब्लॉक मेडिकल ऑफिसर और ब्लॉक प्रोग्राम मैनेजर की समीक्षा की जाएं। इसी प्रकार जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास भी परियोजना अधिकारी , सुपरवाइजर एवं आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को दिए गए लक्ष्य के विरुद्ध प्रगति की समीक्षा करें।

मुलताई और प्रभात पट्टन बीएमओ के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई के निर्देश

       स्वास्थ्य योजनाओं के क्रियान्वयन में असंतोषजनक कार्य और उदासीनता बरतने पर कलेक्टर ने मुलताई और प्रभात पट्टन के ब्लॉक मेडिकल ऑफिसर को कारण बताओं नोटिस जारी कर सभी वेतन वृद्धियां निरस्त कर मूल वेतन पर लाने की कार्यवाही करने के निर्देश दिए। उन्होंने टीबी उन्मूलन कार्यक्रम में भी असंतोषजनक कार्य पर भीमपुर बीएमओ को कारण बताओं नोटिस जाने करने के निर्देश मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को दिए।

पोषण पुनर्वास केंद्र और राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम की समीक्षा

       कलेक्टर ने बैठक में पोषण पुनर्वास केंद्रों के संचालन और राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम की ब्लॉकवार विस्तार से समीक्षा की। उन्होंने बेड ऑक्यूपेंसी में घोड़ाडोंगरी और भैंसदेही सीडीपीओ को विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। इस प्रकार कलेक्टर ने अन्य स्वास्थ्य सबंधी योजनाओं के क्रियान्वयन की भी समीक्षा कर निर्धारित लक्ष्यों में शत प्रतिशत उपलब्धि हासिल करने के लिए निर्देशित किया।

आरबीएसके में स्क्रीनिंग बढ़ाएं

       मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्री अक्षत जैन ने मातृ मृत्यु दर में कमी लाने के लिए व्यवस्थित कार्ययोजना बनाने और राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम में स्क्रीनिंग को बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी बीएमओ अपने फील्ड स्टाफ पर प्रभावी नियंत्रण रखें और लक्ष्यों को हासिल करें। बैठक में सिविल सर्जन डॉ जगदीश घोरे सहित सभी बीएमओ, सीडीपीओ, बीपीएम और अन्य अधिकारी उपस्थित रहें।

पदोन्नति नीति के तहत जुलाई माह में अनिवार्य रूप से हो डीपीसी : कलेक्टर श्री सूर्यवंशी

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बैतूल 27 जून 2025
कलेक्टर श्री नरेन्द्र कुमार सूर्यवंशी ने जिले के सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया है कि शासन द्वारा निर्धारित पदोन्नति नीति के तहत समुचित तैयारियां की जाएं और आगामी जुलाई माह में विभागीय पदोन्नति समिति (डीपीसी) की बैठक अनिवार्य रूप से आयोजित की जाए।
कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि डीपीसी की प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार्य नहीं होगी। उन्होंने निर्देश दिए कि विभागीय पद सूची का अद्यतन कार्य शीघ्र पूरा किया जाए, साथ ही जिन कर्मचारियों के विरुद्ध विभागीय जांच प्रकरण लंबित हैं, उनका निराकरण प्राथमिकता से किया जाए। कलेक्टर श्री सूर्यवंशी ने यह भी कहा कि डीपीसी की कार्यवाही के लिए कर्मचारियों की वार्षिक गोपनीय प्रविष्टि (एसीआर) की जानकारी अद्यतन एवं उपलब्ध होनी चाहिए। सभी विभाग सुनिश्चित करें कि संबंधित कार्मिकों की एसीआर समय पर पूर्ण एवं प्रतिवेदित हो।
उन्होंने हिदायत दी कि यदि डीपीसी की बैठक में कोई विभाग लापरवाही करता है या आवश्यक जानकारी अपूर्ण रहती है, तो उस विभाग के जिम्मेदार अधिकारी के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। कलेक्टर के निर्देशों के बाद अब जिला स्तर पर डीपीसी की तैयारियों में तेजी लाई जा रही है, जिससे पात्र कर्मचारियों को समय पर पदोन्नति मिल सके और शासकीय कार्यों में दक्षता बढ़े।

 जिले में जल जनित रोगों की रोकथाम के लिए जल स्रोतों का किया जा रहा क्लोरिनेशन

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वर्षा काल में जल जनित रोगों की रोकथाम के लिए पीएचई विभाग ने जारी की एडवाइजरी

बैतूल 27 जून 2025
जिले में लगातार हो रही बारिश के कारण जल स्रोतों में गंदगी और प्रदूषण की आशंका बढ़ गई है। वर्षा काल में जल जनित रोगों की रोकथाम के लिए पीएचई विभाग ने एडवाइजरी जारी की है। जारी एडवाइजरी में लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी खंड बैतूल कार्यपालन यंत्री ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में इस समस्या को ध्यान में रखते हुए कलेक्टर श्री नरेन्द्र कुमार सूर्यवंशी के निर्देश पर लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग द्वारा व्यापक स्तर पर जल स्रोतों के शुद्धिकरण का कार्य किया जा रहा है। विभाग की टीम ग्रामीण इलाकों में जाकर हैंडपंप, ट्यूबवेल, कुएं, जल टंकियों आदि का क्लोरिनेशन कर रही है, ताकि पेयजल दूषित न हो और जल जनित बीमारियों से लोगों को बचाया जा सके।

घर पर पानी को शुद्ध करने की सलाह

       विभाग ने जनप्रतिनिधियों और ग्रामीण जनता से अपील की है कि वे अपने गांव के सभी पेयजल स्रोतों का क्लोरिनेशन जरूर कराएं और उनके आसपास सफाई व्यवस्था सुनिश्चित करें। साथ ही जल स्रोत जैसे ट्यूबवेल, हैंडपंप, कूप इत्यादि के आसपास वर्षा जल निकासी के लिए नाली अवश्य निर्माण कराएं, जल स्त्रोत के आसपास गंदगी नहीं हो यह भी सुनिश्चित किया जाए। अत्याधिक वर्षा की स्थिति में बाढ़ के पश्चात तुरंत जल स्त्रोत का क्लोरिनेशन कराए। घरेलु स्तर पर पीने के पानी के बर्तन में 1 मि.ग्रा./लीटर द्रव क्लोरीन का प्रयोग करें, क्लोरीन डालने के 1 घंटे बाद ही उस जल का प्रयोग करना है। सामान्यतः लगभग 15 लीटर वाले जल पात्र जैसे की प्लास्टिक की केन, स्टील की गुन्डी, बाल्टी का उपयोग किया जाता है। जिसमें क्लोरीन की बाटल की 10 बूंद पर्याप्त होती है, जिसको प्रतिदिन अपनी दिनचर्या में यह प्रक्रिया शामिल किया जाए। घरेलू उपचार जैसे डंडी वाले लोटे का प्रयोग, मटके-गुन्डी को ऊंचाई पर रखना, घरेलू स्तर पर वर्षा काल के प्रारंभिक समय में पेयजल को उबालना, छानना भी आवश्यक होने पर प्रयोग करें। ग्राम पंचायत एवं ग्राम स्तर पर पेयजल टंकी, सम्पवेल, ट्यूबवेल/वाल्व, पाइप लाइन की आवश्यकता अनुसार सफाई एवं मरम्मत अवश्य कराएं। जारी एडवाइजरी के अनुसार कृषि कार्य के लिए खेत पर जाने वाले समस्त ग्रामीणजन को सलाह  दी गई है, कि वे सुरक्षित जल स्त्रोत से ही सुरक्षित बर्तन में सुरक्षित रूप से जल ग्रहण करें। इसके साथ ही पेयजल स्वच्छता, पेयजल गुणवत्ता के विषय में अधिक जानकारी प्राप्त करने के लिए लोक स्वास्थ्य यांत्रिकीय विभाग के उपखंड/जिला मुख्यालय से सम्पर्क कर आवश्यक जानकारी प्राप्त कर सकते है। साथ ही पेयजल के शुद्धीकरण के लिए द्रव क्लोरीन की उपलब्धता के लिए कंट्रोल रूम के दूरभाष क्रमांक 07141-238320 पर सम्पर्क कर सहायता प्राप्त की जा सकती है।

रीजनल इण्डस्ट्रीज स्किल एंड एम्प्लाईमेंट कॉन्क्लेव 2025 का जिला स्तरीय कार्यक्रम आयोजित

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स्वरोजगार मूलक योजनाओं से लाभान्वित हितग्राहियों को किया हितलाभ वितरण

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बैतूल 27 जून 2025
प्रदेश में औद्योगिक कौशल विकास, स्वरोजगार एवं रोजगार को बढ़ावा देने के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के विशेष आतिथ्य में शुक्रवार को रतलाम जिले में आयोजित रीजनल इण्डस्ट्रीज स्किल एंड एम्प्लाईमेंट कॉन्क्लेव 2025 का जिला स्तरीय कार्यक्रम कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित किया गया। इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्री हंसराज धुर्वे, नगर पालिका अध्यक्ष श्रीमती पार्वती बाई बारस्कर उपस्थित थी। सर्वप्रथम मुख्य अतिथियों ने मां सरस्वती के छायाचित्र समक्ष दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम की शुरुआत की। इस दौरान रतलाम जिले में आयोजित रीजनल इण्डस्ट्रीज स्किल एंड एम्प्लाईमेंट कॉन्क्लेव 2025 का लाइव प्रसारण देखा गया। कार्यक्रम में अतिथियों ने विभिन्न योजनाओं से लाभान्वित हितग्राहियों को चेक प्रदान कर हितलाभ वितरण किया। कार्यक्रम के दौरान योजनाओं से लाभान्वित होने वाले हितग्राहियों ने अपने अनुभव साझा किए।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्री धुर्वे ने कहा कि प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा युवाओं और महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाएं चलाई जा रही है। आजीविका मिशन से जुड़कर महिलाएं लखपति बन रही है। कार्यक्रम के दौरान उन्होंने लाभान्वित हितग्राहियों को शासन से प्राप्त सहायता का सही उपयोग कर एक मिसाल कायम किए जाने के लिए प्रेरित किया। नगर पालिका अध्यक्ष श्रीमती बारस्कर ने कहा कि प्रदेश सरकार की योजनाओं से महिलाएं आर्थिक सशक्त बना रही है। उन्होंने सभी महिलाओं को शासन की योजनाओं का लाभ लेकर अन्य महिलाओं को भी प्रेरित किए जाने की बात कही। इस अवसर पर अपर कलेक्टर श्री राजीव नंदन श्रीवास्तव, पिछड़ा वर्ग तथा अल्पसंख्यक कल्याण विभाग के सहायक संचालक श्री नरेन्द्र गौतम, सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम विभाग के अधिकारी कर्मचारी, उद्योगपति, स्व सहायता समूह की महिलाएं उपस्थित थीं।

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